‘राख के ढेर में बदल देंगे’: ईरान की भीषण धमकी और सीजफायर पर ट्रंप का बड़ा बयान; पढ़ें 5 मुख्य अपडेट्स
ईरान-इजराइल युद्ध के 16वें दिन तनाव और गहरा गया है। खार्ग आइलैंड पर अमेरिकी हमले के जवाब में ईरान ने भीषण जवाबी कार्रवाई की धमकी दी है। इस सैन्य टकराव के बीच, डोनाल्ड ट्रंप ने सीजफायर को लेकर एक महत्वपूर्ण बयान दिया है, जिससे युद्ध की दिशा बदलने की संभावना जताई जा रही है।
मिडल ईस्ट में महाजंग: 16वें दिन भी भीषण हमले जारी, ईरान और ट्रंप के बीच जुबानी जंग तेज
तेहरान/वॉशिंगटन : अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच छिड़ी जंग आज 16वें दिन में प्रवेश कर चुकी है। 28 फरवरी को शुरू हुई इस लड़ाई में अब तक शांति की कोई उम्मीद नहीं दिख रही है। ताज़ा घटनाक्रम में ईरान के इस्फहान पर मिसाइल हमले हुए हैं, वहीं खार्ग आइलैंड की तबाही के बाद ईरान ने ‘आर-पार’ की चेतावनी दी है।
आज के 5 सबसे बड़े अपडेट्स:
1. ट्रंप का बड़ा दावा: ‘ईरान घुटनों पर’ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान की सैन्य शक्ति लगभग खत्म हो चुकी है। ट्रंप के अनुसार, ईरान अब सीजफायर (युद्धविराम) के लिए हाथ-पैर मार रहा है, लेकिन वे फिलहाल किसी समझौते के मूड में नहीं हैं क्योंकि शर्तें अमेरिका के मुताबिक नहीं हैं।
2. ईरान की ‘राख’ कर देने वाली धमकी ईरानी सेना ने साफ कर दिया है कि अगर उनके तेल और ऊर्जा ठिकानों को निशाना बनाया गया, तो वे क्षेत्र में मौजूद हर अमेरिकी संपत्ति को “राख के ढेर” में बदल देंगे। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि खार्ग आइलैंड पर हमला UAE की धरती के करीब से किया गया था।
3. होर्मुज स्ट्रेट पर घमासान दुनिया के 20% कच्चे तेल की सप्लाई वाले ‘होर्मुज स्ट्रेट’ को लेकर ट्रंप ने चीन, फ्रांस और जापान जैसे देशों से अपने जंगी जहाज भेजने की अपील की है। उधर, ईरान का कहना है कि यह रास्ता उनके नियंत्रण में है और केवल दुश्मनों के जहाजों के लिए बंद है।
4. सुप्रीम लीडर और नेतन्याहू पर अफवाहें
ईरान: अफवाहों को खारिज करते हुए ईरान ने कहा कि उनके नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई पूरी तरह सुरक्षित हैं।
इजरायल: सोशल मीडिया पर पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के निधन की खबरों को उनके दफ्तर ने ‘फेक न्यूज’ बताते हुए कहा कि वे बिल्कुल ठीक हैं
5. सत्ता बदलने की आहट? ईरान के पूर्व शाह के बेटे रजा पहलवी ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि जैसे ही वर्तमान इस्लामिक शासन गिरेगा, वे देश की कमान संभालने और ईरान में शांति बहाल करने के लिए तैयार हैं।
कैसे शुरू हुई यह जंग?
यह युद्ध 28 फरवरी को तब शुरू हुआ जब अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर बड़ा हमला किया, जिसमें तत्कालीन सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत हो गई थी। तब से पूरा मिडिल ईस्ट बारूद के ढेर पर बैठा है।

