वायुसेना का मिग-21 हुआ हादसे का शिकार,पायलट की मौत
जैसलमेर के सम थाना क्षेत्र के बीदा गांव के पास वायुसेना का मिग-21 क्रैश हो गया. हादसे में पायलट की मौत हो गई. जिला कलेक्टर आशीष मोदी सहित प्रशासन, पुलिस और सिविल डिफेन्स की टीमें मौके के लिए रवाना हो चुकी हैं. बीदा गांव सम सेंड ड्यून्स से लगभग 16 किमी दूर है. विमान लगभग साढ़े आठ बजे क्रैश हुआ. विमान अपनी नियमित उड़ान पर था.

राजस्थान: जैसलमेर में शुक्रवार शाम वायुसेना का मिग-21 क्रैश हो गया. घटना सम थाना क्षेत्र के बीदा गांव की बताई जा रही है. सूत्रों से मिली जानकारी, गोडावण ब्रीडिंग सेंटर सुदासरी के पास विमान क्रैश हुआ है. हादसे में पायलट की मौत हो गई. जिला कलेक्टर आशीष मोदी सहित प्रशासन, पुलिस और सिविल डिफेन्स की टीमें मौके के लिए रवाना हो चुकी हैं. बिदा गांव सम सेंड ड्यून्स से लगभग 16 किमी दूर है.
सूत्रों के मुताबिक जिस जगह फाइटर जेट गिरा है, वह पाक बॉर्डर के पास है. जानकारी के मुताबिक यह एरिया सुदासरी डेजर्ट नेशनल पार्क में है. यह एरिया मिलिट्री के कंट्रोल में है, इसलिए वहां किसी को जाने नहीं दिया जा रहा है. विमान लगभग साढ़े आठ बजे क्रैश हुआ. विमान अपनी नियमित उड़ान पर था. हादसे की जगह जैसलमेर से करीब 70 किमी दूर है.
गौरतलब है कि इससे पहले अगस्त 2021 में भी बाड़मेर में एक मिग-21 विमान क्रैश हुआ था. रूस और चीन के बाद भारत सबसे बड़ा ऑपरेटर रूस और चीन के बाद भारत मिग-21 का तीसरा सबसे बड़ा ऑपरेटर है. 1964 में इस विमान को पहले सुपरसोनिक फाइटर जेट के रूप में एयरफोर्स में शामिल किया गया था. शुरुआती जेट रूस में बने थे और फिर भारत ने इस विमान को असेम्बल करने का अधिकार और तकनीक भी हासिल कर ली थी. तब से अब तक मिग-21 ने 1971 के भारत-पाक युद्ध, 1999 के कारगिल युद्ध समेत कई मौकों पर अहम भूमिका निभाई है. रूस ने तो 1985 में इस विमान का निर्माण बंद कर दिया, लेकिन भारत इसके अपग्रेडेड वैरिएंट का इस्तेमाल करता रहा है.
पहले भी मिग-21 विमान दुर्घटनाग्रस्त हुए हैं
बता दें कि यह पहली बार नहीं है जब मिग-21 विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ है। इससे पहली इसी साल अगस्त में मिग-21 बाइसन विमान राजस्थान के बाड़मेक जिले में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। मार्च 2021 में ग्वालियर एयरबेस पर एक मिग-21 विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। साल 2019 सितंबर में महाराजपुरा वायुसेना स्टेशन से उड़ान भरने के बाद चौधरी का पुरा गांव में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। हादसे में बालाकोट एयर स्ट्राइक में शामिल रहे ग्रुप कैप्टन यशपाल सिंह नेगी और स्कवाड्रन लीडर शिवानंद घायल हो गए थे। हादसे की जांच का आदेश दिया गया था।
सीडीएस रावत का हैलिकाप्टर क्रैश
गत आठ दिसंबर को तमिलनाडु के कुन्नुर में एमआई-17 वी5 हेलीकाप्टर क्रैश में भारत के पहले चीफ आफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) और उनकी पत्नी मधुलिका रावत सहित इसमें सवार 14 लोगों में से 13 लोगों की मौत हो गई थी। इसमें एक मात्र जीवित बचे ग्रुप कैप्टन वरुण सिंह की एक हफ्ते बाद इलाज के दौरान मौत हो गई थी।
